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Black Gram 1kg
Pure, unpolished black gram with a rich aroma and authentic taste. Carefully sourced and hygienically packed to retain natural nutrients, it’s ideal for daily cooking.
1. मिट्टी (Soil)
- उपयुक्त मिट्टी: हल्की से मध्यम दोमट / काली दोमट
- जल निकास: अच्छा होना चाहिए, जलभराव से बचें
- pH मान: 6.0 – 7.5
- बीज फसल हेतु: पिछले 1–2 वर्ष में उड़द की फसल नहीं ली गई हो
2. बुआई का समय (Sowing Time)
- ग्रीष्म काल (Summer): फरवरी से मार्च
- खरीफ (Rainy): जून से जुलाई (मानसून स्थिर होने के बाद)
3. बीज मात्रा (Seed Rate)
- ग्रीष्म काल: 20–22 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर
- खरीफ: 14–16 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर
- बीज उत्पादन में कम बीज दर रखने से पौधों में शाखाएं अधिक और बीज समान आकार के होते हैं।
4. खेत की तैयारी (Land Preparation)
- 1 बार गहरी जुताई
- 2–3 बार हैरो या कल्टीवेटर
- खेत समतल करें
- अंतिम जुताई में गोबर की खाद मिलाएं
5. बीज उपचार (Seed Treatment)
- फफूंदनाशी उपचार
- कार्बेन्डाजिम 2 ग्राम/किलो बीज या थिरम + कार्बेन्डाजिम 3 ग्राम/किलो बीज
- जैव उपचार (अनुशंसित)
- राइजोबियम कल्चर: 5–7 ग्राम/किलो बीज
- पीएसबी कल्चर: 5 ग्राम/किलो बीज
- रासायनिक उपचार के बाद बीज को छाया में सुखाकर जैव कल्चर लगाएं।
6. बुआई विधि (Sowing Method)
- कतारों में बुआई (सीड ड्रिल / पौरा विधि)
- कतार से कतार दूरी: 30 सेमी
- पौधे से पौधे की दूरी: 10 सेमी
- बुआई की गहराई: 4–5 सेमी
- बीज फसल में कतार बुआई अनिवार्य है ताकि रोगिंग की जा सके।
7. जैविक खाद (Organic Manure)
- अच्छी सड़ी गोबर की खाद: 8–10 टन प्रति हेक्टेयर
8. उर्वरक मात्रा (Fertilizer Dose)
- (मृदा परीक्षण सर्वोत्तम, सामान्य अनुशंसा)
- नाइट्रोजन (N): 15–20 किग्रा/हे
- फास्फोरस (P₂O₅): 40–50 किग्रा/हे
- पोटाश (K₂O): 20 किग्रा/हे (यदि कमी हो)
9. सिंचाई (Irrigation)
- ग्रीष्म काल: 5–7 सिंचाई
- महत्वपूर्ण अवस्थाएँ: शाखा निकलना, फूल आना, फल्ली भरना, खरीफ, वर्षा आधारित, आवश्यकता होने पर ही सिंचाई
- खेत में पानी रुकना बीज फसल के लिए हानिकारक है।
10. निराई–गुड़ाई एवं रोगिंग
- निराई–गुड़ाई: 20–25 दिन पर पहली
35–40 दिन पर दूसरी - पेंडीमेथालिन 1.0 कि.ग्रा सक्रिय तत्व/हे (पूर्व अंकुरण) – वैकल्पिक
- रोगिंग (बीज उत्पादन हेतु अत्यंत आवश्यक)
- फूल आने से पहले व फूल आने के समय अलग किस्म के पौधे, रोगग्रस्त पौधे, असमान वृद्धि वाले पौधे तुरंत निकाल दें |
11. कीट प्रबंधन (Pest Management)
- प्रमुख कीट: सफेद मक्खी, थ्रिप्स, माहू, फल्ली छेदक
- अनुशंसित दवाएँ
- चूसक कीट: थायोमेथोक्सम 25 WG @ 0.25 ग्राम/लीटर या इमिडाक्लोप्रिड 17.8 SL @ 0.3 मि.ली./लीटर
- फल्ली छेदक: इमामेक्टिन बेंजोएट 5 SG @ 0.4 ग्राम/लीटर
- फूल अवस्था में अनावश्यक छिड़काव से बचें।
12. कटाई (Harvesting)
- जब 80–85% फलियाँ पक जाएँ
- 1–2 बार तुड़ाई बेहतर
- सुबह के समय कटाई करें
- साफ स्थान पर अलग मड़ाई करें
अस्वीकरण (Disclaimer)
- यह जानकारी सामान्य अनुशंसाओं पर आधारित है।
- वास्तविक उत्पादन व गुणवत्ता निम्न पर निर्भर करेगी: स्थानीय जलवायु, मिट्टी की जांच रिपोर्ट, किस्म विशेष की आवश्यकता